डॉ हादिओ अली की कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों का इलाज करते हुए मौत हो गई

इंडोनेशिया (Indonesia) में डॉ हादिओ अली (Dr Hadio Ali) की कोरोना वायरस (coronaviru) से संक्रमित मरीजों का इलाज करते हुए मौत हो गई. स्थानीय मीडिया में उनकी एक तस्वीर छाई हुई है, जिसमें वे घर के दरवाजे पर अपनी गर्भवती बीवी और दोनों बच्चों की आखिरी झलक लेने लौटे थे.

Indonesian Doctors Association (IDI) ने बीते रविवार को वर्चुअल प्रेस वार्ता में बताया कि उनके 7 सदस्य यानी 7 डॉक्टरों की मौत इस वायरस से संक्रमित मरीजों के इलाज के दौरान हो चुकी है. IDI का मानना है कि रिकवरी की दर इतनी कम है कि खुद डॉक्टर भी खुद को संक्रमण से बचा नहीं पा रहे.संस्थान के चेयरमैन Daeng Faqih ने एक स्टेटमेंट में तमाम डॉक्टरों के नाम बताते हुए डॉक्टर हादिओ अली का खासतौर पर जिक्र किया. राजधानी जर्काता के दक्षिणी हिस्से के डॉ अली पहले कोरोना मरीज के आने के बाद से लगातार अस्पताल में थे. Jakarta Globe में ये रिपोर्ट प्रकाशित हुई. इसके बाद से स्थानीय मीडिया में डॉ अली की वो तस्वीर छाई हुई है, जिसमें वे अस्पताल से घर सिर्फ इसलिए लौटे ताकि अपने परिवार को आखिरी बार देख सकें. घर के भीतर न जाकर वे घर के बाहरी दरवाजे पर खड़े रहे और उनका परिवार सामने वाले हिस्से में रहकर उन्हें देख सका. परिवार में 6 से 9 साल की उम्र के दो बच्चे और गर्भवती पत्नी है. डॉक्टर अली की आखिरी तस्वीर उनकी पत्नी की ली हुई बताई जा रही है.साउथईस्ट एशिया के देश इंडोनेशिया में COVID-19 के लगभग 700 मामले रिपोर्ट हो चुके हैं. हालात इसलिए खतरनाक माने जा रहे हैं क्योंकि लगभग 3 हफ्ते पहले ही इस देश ने खुद को पूरी तरह से virus-free बताया था. मामले आने के बाद भी कई दिनों तक कोई सरकारी एक्शन नहीं हुआ. रिकवरी की दर इतनी कम है कि खुद डॉक्टर भी खुद को संक्रमण से बचा नहीं पा रहेबाद में बढ़ते केसेज को देखते हुए हफ्तेभर पहले प्रेसिडेंट Joko Widodo ने बड़े स्तर पर कोरोना की जांच के आदेश दिए. हालांकि अब भी वहां पर लॉकडाउन की घोषणा नहीं हुई है, बल्कि नागरिकों से केवल सोशल डिस्टेंसिंग की अपील की गई है. इसके साथ ही प्रभावितों और मौत के आंकड़े तेजी से बढ़ रहे हैं. यहां तक कि 27 करोड़ की आबादी वाले इस छोटे से देश को साउथईस्ट एशियाई देशों में कोरोना का केंद्र कहा जाने लगा है.इस बीच इंडोनेशिया में सिर्फ 24 मार्च को कोरोना के 107 नए मामले आए, जो बीते सभी दिनों में सबसे ज्यादा है. 55 मौतों के साथ ये देश पूरे साउथईस्ट एशिया में सबसे ज्यादा डेथ रेट वाला देश बना चुका है. हालांकि सरकार का कहना है कि उनके पास अपने लोगों के लिए पर्याप्त संसाधन हैं. इंडोनेशिया ने कोरोना की जांच के लिए चीन डेढ़ लाख टेस्ट किट मंगवा चुका है.हालांकि 27 करोड़ की आबादी वाले देश के लिए ये किट्स कितनी कम इसका अंदाजा इसी बात से लगता है कि केवल उन्हीं की जांच हो रही है जो संक्रमण के गंभीर लक्षण दिखा रहे हैं. वहीं हेल्थ वर्कर्स ने भी personal protective equipment (PPE) की कमी की शिकायत दर्ज करवाई है. इस बीच एक और डॉक्टर की मौत बहुत अधिक थकान की वजह से हो गई, जो हफ्तों से लगातार कोरोना के मरीजों की देखभाल के लिए ICU में था. Silitonga नाम का ये डॉक्टर भी डॉ अली के साथ पहले दिन से ही कोरोना के इलाज के बने टास्क फोर्स का हिस्सा था.
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First published: March 25, 2020, 2:46 PM IST



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